इस तरह हैक होता है आपके ईमेल, स्मार्टफोन, बैंकिंग, कंप्यूटर और सोशल मीडिया का पासवर्ड

  • आजकल लगभग हर चीज ऑनलाइन होती जा रही है. यही वजह है कि हमारी निर्भरता स्मार्टफोन और कंप्यूटर (इंटरनेट) पर बढ़ी है.
  • हम कम्यूनिकेशन के लिए भी ऑनलाइन यानी ईमेल या वॉट्सऐप जैसे प्लेटफॉर्म का यूज करते हैं. इसके अलावा हम नेट बैंकिंग भी खूब यूज करते हैं.
  • इन सबने एक तरफ जहां हमारे काम को आसान किया है, तो दूसरी तरफ इससे खतरे भी बहुत होते हैं. सबसे बड़ा खतरा इन सबके हैक होने का है जो पासवर्ड हैक होने पर होता है.

आइए जानते हैं आखिर कैसे हैक होता है किसी भी अकाउंट का पासवर्ड.

पासवर्ड हैक करने के तरीके:

सोशल मीडिया से लेकर नेटबैंकिंग या फिर दूसरे अकाउंट की बात करें तो इनके पासवर्ड को हैक करने के लिए हैकर्स जिन तरीकों का इस्तेमाल करते हैं, वो इस प्रकार हैं.

1. Credential stuffing :

 पासवर्ड हैक करने के लिए इस तरीके का इस्तेमाल सबसे ज्यादा होता है. इसमें हैकर्स अलग-अलग तरह के स्पाईवेयर या मैलवेयर की मदद से यूजर्स के क्रेडेंशियल्स को चुराते हैं. इसके अलावा हैकर्स डार्क वेब की भी मदद लेते हैं, जहां लीक हुए पासवर्ड्स की कई लिस्ट उपलब्ध हैं. ऐशे में साइबर क्रिमिनल्स वहां से पासवर्ड लेकर रेंडमली ट्रई करते रहते हैं.

2. Password spray attack:

इसके जरिए हैकर्स चोरी किए गए पासवर्ड से किसी यूजर्स का अकाउंट हैक करने की कोशिश करते हैं. ऐसे कई प्लेटफॉर्म हैं जहां इन्हें चोरी हुए लाखों पासवर्ड मिल जाते हैं. वे ए-एक कर इनका इस्तेमाल करते हैं. इस ट्रिक को पासवर्ड स्प्रे अटैक कहा जाता है. इससे बचना चाहते हैं तो टाइम-टाइम पर अपना पासवर्ड चेंज करना न भूलें.

3. Keylogger attack:

 पासवर्ड हैक करने के लिए हैकर्स द्वारा इस तरीके को भी सबसे ज्यादा इस्तेमाल किया जाता है. इसमें स्पाईवेयर की मदद से आपके की-बोर्ड टाइपिंग को ट्रैक और रिकॉर्ड किया जाता है. इस तरह ही हैकिंग से बचने के लिए अपने डिवाइस में एक अच्छा एंटीवायरस जरूर रखें.

4. Brute force attack :

 इसमें हैकर्स आपकी पर्सनल जानकारी के आधार पर पासवर्ड का अंदाजा लगाते हैं. वो अलग-अलग कॉम्बिनेशन से पासवर्ड बनाकर हैक करने की कोशिश करते हैं. इसके लिए हैकिंग सॉफ्टवेयर की भी मदद ली जाती है.

5. Shoulder surfing:

यह तरीका सबसे आसान है. इसमें हैकर्स अगल-बगल बैठे लोगों के फोन या कंप्यूटर में तांक-झांक करते रहते हैं और कई बार पासवर्ड देख लेते हैं. इस तरह के मामले एटीएम पिन चोरी में सबसे ज्यादा सामने आते हैं.

6. Social Engineering :

पासवर्ड हैक करने का यह तरीका भी काफी प्रचलित है. इसमें हैकर्स एक फर्जी सोशल इंजीनियरिंग वेबसाइट बनाते हैं. लोग इन वेबसाइट के झांसे में आकर वहां अपनी गोपनीय जानकारी और पासवर्ड डाल देते हैं. इस तरह वह खुद ही अपनी जानकारी हैकर्स को दे देते हैं.

इस तरह हुआ खुलासा

पासवर्ड हैकिंग के तरीकों को लेकर यह खुलासा स्वीडन के पासवर्ड मैनेजमेंट और ऑथेंटिकेशन सॉल्यूशन वेंडर Specops Software की लेटेस्ट रिपोर्ट से हुआ है. इस रिपोर्ट के मुताबिक, ब्रूट फोर्स अटैक (हैकिंग का एक तरीका) में इस्तेमाल होने वाले 93 प्रतिशत पासवर्ड  8 या ज्यादा कैरेक्टर के होते हैं. वहीं 54 परसेंट ऑर्गेनाइजेशन के पास वर्क पासवर्ड मैनेज करने के लिए कोई टूल नहीं है. रिपोर्ट की मानें तो 42 प्रतिशत सीजनल पासवर्ड में Summer शब्द का ही इस्तेमाल लोग करते हैं.

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